Anemia: खून की कमी के कारण, लक्षण, और उपचार।

दोस्तो, आज में आपको बताने जा रही हूं। कि Anemia (एनीमिया) क्या है?  इसके लक्षण, इसके कारण और उपचार क्या है। आज कल लोगो में यह बीमारी बहुत ही ज्यादा देखने को मिल रही है। आमतौर पर यह बीमारी प्रेगनेंट महिला में भी हो जाती है। गर्भावस्था में महिला को अपने होने वाले शिशु के लिए अधिक रक्त देना पड़ता है, जिससे उसके शिशु का अच्छे से विकास हो सके। इसलिए गर्भावस्था में महिला को Anemia (एनीमिया) होना आम बात है।

Anemia (एनीमिया) क्या है?

एनीमिया का मतलब शरीर में खून की कमी व हीमोग्लोबिन की मात्रा का कम होना है। लेकिन दोस्तो आप फिक्र न करे मैं आपके लिए एनीमिया की रोकथाम के लिए कुछ जरूरी टिप्स ले कर आई हूं। जिसे फॉलो करके आप एनीमिया यानी की खून की कमी को दूर कर सकते हो। चलिए दोस्तो जानते हैं Anemia (एनीमिया) के लक्षण, कारण और उपचार क्या है।

Anemia

Anemia (एनीमिया) के लक्षण

*नींद ना आना।

*त्वचा का पीला पड़ना।

*थोड़ा सा काम व चलने से थकावट महसूस होना।

*अधिकतर लेटे रहने की इच्छा होना।

*पैरों में सूजन आना वा सास फूलना।

*उठते बैठते समय चक्कर आना।

*ज्यादा आवाज सुनने से हृदय की गति बढ़ना।

*भूख ना लगना व कुछ भी खाने का मन न करना।

*सर दर्द होना।

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Anemia (एनीमिया) के कारण

*शरीर में प्रोटीन,आयरन, एसिड फोलिक व पोषक तत्वों की कमी।

*किसी प्रकार की दुर्घटना के बाद खून का ज्यादा बहाव।

*महिलाओं को पीरियड्स में रक्त का ज्यादा बहाव।

*शरीर में खून की कमी।

*उल्टी व शौच के दौरान खून का आना।

*मलेरिया के कीटाणु के कारण खून की कमी होना।

*गुर्दों में खराबी होना।

 

Anemia (एनीमिया) के उपचार व बचाव

अगर आपके शरीर में ऐसे लक्षण, कारण उत्पन्न हो रहे हैं, तो तुरंत एनीमिया की जांच कराएं। एक वयस्क व्यक्ति में हीमोग्लोबिन का स्तर 13 से अधिक होना चाहिए। और वयस्क महिला में 12, से अधिक,  तो वह दोनों  बिल्कुल स्वस्थ्य है। वैसे आहार की मात्रा अच्छी करना ही एनीमिया का सही उपचार है।

Anemia

हरी पत्तेदार सब्जियों का सेवन करना।

मेथी, मूली, पुदीना, गाजर, गोभी, मशरूम अनाज का सेवन करना आदि। इसमें अधिक मात्रा में आयरन पाया जाता है।

 

फलों का सेवन करना।

साइट्रिक एसिड युक्त पदार्थ जैसे आंवला, अनानास, टमाटर, खीरे,नीबू, संतरे का सेवन जरूर करे। इसमें भी आयरन अधिक मात्रा में पाया जाता है।

 

फोलिक एसिड पदार्थ का सेवन करे।

मूँगफली, अंडे, अंकुरित दालें, फली, मटर मांस मछली, सूखे मेवे, गुड, बाजरा, गोभी आलू आदि अपने आहार में शामिल करें। इनमें आयरन प्रोटीन की मात्रा अधिक पाई जाती है।

 

लोहे की कढ़ाई में खाद्य पदार्थ जरूर बनाए।

क्योंकि लोहे की कढ़ाई में खाद्य पदार्थ बनाने से आयरन की मात्रा अधिक बढ़ जाती है। या फि जिन खाद्य पदार्थ में आयरन नहीं होता, उन में आयरन की मात्रा बढ़ जाती है। आप तिल के लड्डू भी का सेवन भी जरूर करे। उसमें भी लौह तत्व की मात्रा अधिक होती है। और ये खून की कमी को पूरा करता है।

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परहेज भी करे।

*चाय, कॉफी, के सेवन से बचें। क्योंकि चाय कॉफी का सेवन करने से शरीर आयरन को अवशोषित नहीं कर पाता। इसलिए इन चीजों को अपने आहार में शामिल न करें।

*जंक फ़ूड का सेवन न करें। क्योंकि जंक फूड आपके शरीर के लिए बहुत ही ज्यादा नुकसानदायक होता है। इसलिए इनका सेवन ना करे।

*खट्टी चीजों से भी परहेज करे। जैसे अचार, अमचूर आदि

*ज्यादा मिर्च मसाले वाले खाद्य पदार्थ ना खाएं।

*ज्यादा मीठा या बाहर की मीठी चीजों को खाने से बचें।

*नशीले पदार्थ से बचे।

 

जैनब खान 

Lifestyle Chacha

I am Jenab Khan I write blog post on this website. This is a Hindi blogging website, The founder of this website is Shyam Kumar, and the category of this website is lifestyle, health, relationship, beauty, etc. मैं जैनब खान इस वेबसाइट पर ब्लॉग पोस्ट लिखती हूँ। यह एक हिंदी ब्लॉगिंग वेबसाइट है, इस वेबसाइट के संस्थापक श्याम कुमार हैं, और इस वेबसाइट की श्रेणी जीवनशैली, स्वास्थ्य, संबंध, सौंदर्य, आदि है।

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